काठमांडू। नेपाल में भोटेकोशी बाढ़ ने हजारों परिवारों के घर और आजीविका उजाड़ दी, लेकिन करीब 26 प्रतिशत प्रभावित परिवार अब भी बाढ़ से पहले वाले स्थान पर ही दोबारा बसना चाहते हैं।

राष्ट्रीय योजना आयोग के आपदा के बाद जरूरत आकलन (पीडीएन) के प्रारंभिक सर्वेक्षण में यह तथ्य सामने आया है। बाढ़ से चार जिलों में परिवारों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को कुल 79.17 अरब नेपाली रुपये के नुकसान का अनुमान लगाया गया है।

सर्वेक्षण के अनुसार, घरों को नुकसान झेलने वाले 3,067 परिवारों से स्थायी पुनर्वास के विकल्प पूछे गए। इनमें 797 परिवार (25.99 प्रतिशत) पुराने स्थान पर ही बसना चाहते हैं। वहीं, 939 परिवार (30.62 प्रतिशत) सरकार से जमीन मिलने पर वहां बसने के इच्छुक हैं।

जिले के भीतर अपनी दूसरी जमीन पर 565 परिवार (18.42 प्रतिशत) और देश के दूसरे हिस्से में अपनी जमीन पर 159 परिवार (5.18 प्रतिशत) बसना चाहते हैं। इसके अलावा 590 परिवार (19.24 प्रतिशत) सरकारी सामूहिक आवास में रहने को तैयार हैं। 17 परिवारों ने इस संबंध में जवाब नहीं दिया।

चार जिलों में 32,872 लोग प्रभावितप्रारंभिक सर्वेक्षण में रसुवा, नुवाकोट, धादिंग और गोरखा जिलों की 15 स्थानीय इकाइयों में 7,316 परिवारों और प्रतिष्ठानों के प्रभावित होने की जानकारी सामने आई है। इनमें 6,817 परिवार और 499 व्यावसायिक प्रतिष्ठान शामिल हैं। बाढ़ से कुल 32,872 लोग प्रभावित हुए।

बाढ़ से 3,067 भवन मालिकों की 4,151 भवन संरचनाओं को नुकसान पहुंचा। इनमें 2,989 संरचनाएं पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गईं। वहीं, 3,194 संरचनाएं दोबारा इस्तेमाल करने योग्य नहीं पाई गईं। प्रभावित परिवारों की 507.97 हेक्टेयर जमीन को भी नुकसान पहुंचा।

खेती, पशुधन और कारोबार पर भी मारप्रारंभिक आकलन में परिवारों को 69.57 अरब रुपये और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को 9.60 अरब रुपये की क्षति का अनुमान है। इस तरह कुल नुकसान 79.17 अरब नेपाली रुपये बैठता है।

खड़ी फसलों को 23.21 करोड़ रुपये, भंडारित खाद्यान्न को 10.41 करोड़ रुपये तथा पशुपालन और मत्स्य पालन को 21.42 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ। इसके अलावा परिवारों के वाहनों को 1.24 अरब रुपये और नकदी, कीमती तथा सांस्कृतिक वस्तुओं को 5.02 अरब रुपये की क्षति का आकलन किया गया है।बाढ़ से 1,638 व्यावसायिक प्रतिष्ठान प्रभावित हुए। इनमें 774 थोक एवं खुदरा कारोबार और 337 आवास तथा खाद्य सेवा क्षेत्र के प्रतिष्ठान शामिल हैं।

प्रारंभिक आंकड़ों के अनुसार, बाढ़ ने आवास, कृषि और कारोबार के साथ हजारों लोगों के पुनर्वास का गंभीर सवाल खड़ा कर दिया है। हालांकि, यह आकलन अभी अंतिम नहीं है। बुनियादी ढांचे, उत्पादन, सामाजिक क्षेत्र और पर्यावरण को हुए नुकसान को शामिल करने के बाद विस्तृत रिपोर्ट तैयार की जाएगी।